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षट्तिला एकादशी व्रत विधि आरती एवं कथा
Shattila Ekadashi Vrat Vidhi, Aarti and Katha in Hindi

माघ मास में कृष्ण पक्ष की एकादशी को षट्तिला एकादशी कहते हैं। यह व्रत इस वर्ष, २०१७ में २३ जनवरी (सोमवार) को है। इस व्रतके करने से मनुष्य के सभी पापों का नाश होता है। इस व्रत में छह प्रकार से तिल का उपयोग करना श्रेष्ठ माना गया है
1. तिल स्नान
2. तिल की उबटन
3. तिलोदक
4. तिल का हवन
5. तिल का भोजन
6. तिल का दान
इस व्रत को करने से मनुष्य के सभी तरह के पाप कर्म नष्ट हो जाते हैं। इस व्रत में तिल के उपयोग का बहुत महत्व है। इससे दुर्भाग्य, दरिद्रता तथा अनेक प्रकार के कष्ट से मुक्ति मिलती है।

पूजन सामग्री:-

• श्री विष्णु जी का चित्र अथवा मूर्ति
• पुष्प
• पुष्पमाला
• नारियल
• सुपारी
• अनार,
• आँवला,
• लौंग
• बेर
• अन्य ऋतुफल
• धूप
• दीप
• घी
• पंचामृत (दूध(कच्चा दूध),दही,घी,शहद और शक्कर का मिश्रण)
• अक्षत
• तुलसी दल
• चंदन- लाल
• मिष्ठान(तिल से बने हुए)
• गोबर की पिंडीकायें- १०८ (तिल तथा कपास मिश्रित)

षट्तिला एकादशी व्रत विधि - Shattila Ekadashi Vrat Vidhi

shattila ekadashi katha in hindi

षट्तिला एकादशी व्रत कथा प्रारम्भ:-

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सोमवती अमावस्या व्रत विधि, कथा एवं उद्यापन हिंदी में- हिंदी मास के अनुसार हर मास में अमावस्या आती है । लेकिन जब किसी भी माह में सोमवार के दिन अमावस्या तिथि पड़ती है तो उसे, सोमवती अमावस्या कहते हैं ।
Somvati Amavasya vrat vidhi and Katha in Hindi According to Hindi Calender Amavasya falls in every month. But when it comes on Monday it is called Somvati Amavasya.

वट सावित्री व्रत विधि, पूजन सामग्री एवं कथा हिंदी में- ज्येष्ठ मास के कृष्ण पक्ष की अमावस्या को सावित्री का व्रत किया जाता है. ऐसी मान्यता है कि जो भी स्त्री इस व्रत को करती है उसका सुहाग अमर हो जाता है।
Vat Savitri Vrat Katha and Pujan Vidhi in Hindi - Vat savitri falls on amavasya tithi of krishna paksha jyeshta month. The woman who did this Vrat has got immortal suhag.


अनंत चतुर्दशी व्रत विधि एवं कथा हिंदी में - अनंत चतुर्दशी के दिन भगवान श्री हरि की पूजा की जाती है । यह व्रत भाद्रपद के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि को किया जाता है ।
Anant Chaturdashi Vrat Katha and Vidhi in Hindi- People Worshipped God vishnu on Anant Chaturdashi. It falls on fourth day of Shukla Paksha Bhadra Month.

करवा चौथ व्रत विधि एवं कथा - करवा चौथ का व्रत कार्तिक कृष्ण पक्ष के चतुर्थी तिथि को मनाया जाता है। यह व्रत सुहागिन स्त्रियाँ अपने पति की लम्बी उम्र के लिये करती हैं।
Karwa Chauth vrat vidhi and katha in Hindi - Karvaa chauth celebrates on fourth day of waning moon in kaartik month. Married women keep this fast with benediction of her husband long life.

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